पंचायत में लिया गया विरोध का निर्णय
ऊधम सिंह नगर के जसपुर में भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) ने स्पष्ट किया है कि यदि सरकार नादेही चीनी मिल को पीपी (पब्लिक-प्राइवेट) मोड पर देती है, तो किसान इसका जोरदार विरोध करेंगे। इस मुद्दे पर मंडी समिति परिसर में आयोजित मासिक पंचायत में किसानों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया।
मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन
बैठक के बाद किसानों ने अपनी मांगों को लेकर एक ज्ञापन एसडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री को भेजा। भाकियू नेताओं ने कहा कि सरकार को किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए निर्णय लेना चाहिए।
फसल नुकसान पर बोनस की मांग
किसानों ने बताया कि खराब मौसम के कारण फसलों को भारी नुकसान हुआ है। ऐसे में किसानों को राहत देने के लिए 200 रुपये प्रति क्विंटल बोनस देने की मांग की गई है, ताकि उनकी आर्थिक स्थिति सुधर सके।
कृषि व्यवस्थाओं में सुधार की मांग
बैठक में किसानों ने गेहूं खरीद केंद्रों पर अतिरिक्त तीन कांटे लगाने, खेतों के ऊपर से गुजर रहे जर्जर बिजली तारों को ठीक कराने, यूरिया और एनपी खाद की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग भी उठाई। इसके साथ ही सीड प्लांट पर गेहूं तौल में हो रही कटौती को बंद करने की भी मांग की गई।
भाकियू नेताओं की मौजूदगी
इस पंचायत की अध्यक्षता तारा सिंह ने की। बैठक में भाकियू के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष प्रेम सिंह सहोता सहित कई किसान नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिन्होंने किसानों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।







