ऊधम सिंह नगर जिले को उत्तराखंड का ‘औद्योगिक इंजन’ कहा जाता है। अप्रैल 2026 की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, सिडकुल (SIDCUL) काशीपुर और पंतनगर क्षेत्रों में औद्योगिक विस्तार के लिए 1354 एकड़ अतिरिक्त भूमि के आवंटन की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। यह कदम राज्य सरकार के ‘Viksit Uttarakhand’ लक्ष्य का एक बड़ा हिस्सा है।
इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (EMC): काशीपुर में 133 एकड़ में फैले इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर का काम तेजी से चल रहा है। इसमें अब तक 16 बड़ी औद्योगिक इकाइयों को भूमि आवंटित की जा चुकी है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह क्लस्टर आने वाले 5 वर्षों में 20,000 से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा करेगा। मोबाइल कंपोनेंट्स, चिप डिजाइनिंग और सेमीकंडक्टर असेंबली यूनिट्स यहां अपनी जड़ें जमा रही हैं।
अरोमा पार्क और स्टार्टअप कल्चर: काशीपुर का ‘अरोमा पार्क’ अब पूरी तरह से क्रियाशील होने की कगार पर है। यहां इत्र, औषधीय तेल और सौंदर्य प्रसाधन बनाने वाली कंपनियों को विशेष रियायतें दी जा रही हैं। इसके साथ ही, आईजीएम (IIM) काशीपुर के इनक्यूबेशन सेंटर के सहयोग से स्थानीय युवाओं को स्टार्टअप शुरू करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। जिले में सिंगल विंडो क्लीयरेंस सिस्टम के कारण अब उद्योगों को एनओसी (NOC) प्राप्त करने में केवल 15 से 30 दिन का समय लग रहा है, जिससे निवेशकों का भरोसा बढ़ा है।







